तेनाली राम, राजा कृष्णदेव राय को शांतिपूर्वक निर्णय लेने के बारे में एक महान सबक सिखाते हैं

तेनाली राम की कहानी कि कैसे वह दरबारी को एक विशेष उपहार देता है

कैसे तेनाली रामा ने चोरों से करवाया काम, और उनको सबक सिखाया

एक बार विजयनगर के राजा ने कुएं की शादी अद्भुत घोषणा की.

कैसे बड़बोले पड़ोसी को तेनाली राम ने सिखाया सबक

एक मंत्री ने भगवान की सोने की मूर्ती चुरा ली और इस बार भी तेनालीराम ने बहुत आसानी से चोर से वह मूर्ती वापस ले ली..

कैसे उपहार में मिली खाली थाली को तेनाली रामा ने बहुमूल्य उपहार में बदला

तेनालीराम ने राजा के बगीचे से बैंगन चुराये मगर फिर भी राजा उन्हे सजा नही दे पाये

राजा कृष्णदेव राय को उनके एक दरबारी ने लाल रंग का मोर तोहफे में दिया, राजा को मोर पसंद आया फिर भी राजा ने दरबारी पर जुर्माना क्यों लगाया

दो दुश्मन राजाओं को मित्र बना कर कैसे तेनालीराम ने दिया अपनी बुद्धि का परिचय

तेनालीराम की वजह से कैसे मिला एक सच्चे कलाकार की कला को सम्मान?

तेनालीराम ने अपनी सुझबुझ से कैसे किया राजा की आज्ञा का पालन?